Abstract

Abstract

बालिका शिक्षा के उन्नयन हेतु राजस्थान सरकार द्वारा संचालित योजनाओं की प्रासंगिकता एवं चुनौतियाँ

Author : मीना शर्मा एवं प्रो० मीना सिरोला

Abstract

भारत के संदर्भ में जहा विविधता एक विशिष्ट पहचान बन जाती है, वहीं बालिका शिक्षा एकता का प्रतीक बन जाती है। यह विभिन्न समुदायों के बीच की दूरी को समेटते हुए राष्ट्रीय पहचान की भावना को बढावा देती है। प्रत्येक बालिका को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान कराकर भारत देश ने अपनी पूरी जनसंख्या की क्षमता का सदुपयोग कर सकता है और विविधता में एकता को बढावा दे सकता है। भारत देश में केन्द्र व राज्य सरकार द्वारा विद्यालयों में मेधावी बालिकाओं को उनकी योग्यता के आधार पर उच्च शिक्षा प्राप्त करने में सहायता के लिए विभिन्न प्रकार की योजनाओं के माध्यम से छात्रवृति प्रदान करने का कार्य किया जा रहा है, परन्तु महत्वपूर्ण प्रगति के बावजूद भी चुनौतियां अभी भी बनी हुई है। सामाजिक, आर्थिक बाधाएं, सांस्कृतिक मान्यताएं और अपर्याप्त बुनियादी ढ़ांचा कई बालिकाओं की शैक्षिक यात्रा में अडचन पैदा कर रहे है। इन चुनौतियों का समाधान करने के लिए सरकार द्वारा नागरिक समाज को नीजि क्षेत्र के संयुक्त प्रसास से योजनाओं को संचालित किया जा रहा है। बालिकाओं को शिक्षा में निवेश को प्राथमिकता दी जानी चाहिए और सभी के लिए समान अवसर सुनिश्चित करने वाले अनुकूल वातावरण के निर्माण पर ध्यान केन्द्रित किया जाना आवश्यक है तभी बालिका शिक्षा का उन्नयन संभव हो सकता है।